रायपुर, 21 अगस्त 2026
बदलते मौसम, अनियमित बारिश और प्राकृतिक आपदाओं के बीच खेती को जोखिम से सुरक्षित रखने में प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना किसानों के लिए आर्थिक सुरक्षा कवच बन रही है। धमतरी जिले में इस योजना के प्रति किसानों का भरोसा लगातार बढ़ा है। खरीफ 2026 में जिले के 80 हजार 920 किसानों ने 84 हजार 277.75 हेक्टेयर कृषि रकबे का बीमा कराया है। यह पिछले पांच वर्षों में बीमित किसानों की सर्वाधिक संख्या है।
पिछले वर्ष खरीफ 2025 में धमतरी जिले के 71 हजार 572 किसानों ने 75 हजार 977.28 हेक्टेयर क्षेत्र का फसल बीमा कराया था। इस वर्ष योजना से 9 हजार 348 अधिक किसान जुड़े हैं, जबकि बीमित क्षेत्रफल में भी 8,300 हेक्टेयर से अधिक की वृद्धि हुई है। वर्ष 2022 में 68 हजार 425, वर्ष 2023 में 73 हजार 264 और वर्ष 2024 में 72 हजार 81 किसानों ने फसल बीमा कराया था। इसके बाद वर्ष 2025 में यह संख्या 71 हजार 572 रही। खरीफ 2026 में किसानों की संख्या बढ़कर 80 हजार 920 पहुंचना योजना के प्रति बढ़ते विश्वास को दर्शाता है।
धमतरी में किसानों की बढ़ी भागीदारी के पीछे जिला प्रशासन और कृषि विभाग द्वारा चलाए गए जागरूकता अभियानों की भी महत्वपूर्ण भूमिका रही। ग्राम पंचायत स्तर पर शिविर आयोजित कर किसानों को योजना की पात्रता, पंजीयन प्रक्रिया, आवश्यक दस्तावेज और अंतिम तिथि की जानकारी दी गई। किसानों को पंजीयन के लिए अनावश्यक रूप से कार्यालयों के चक्कर न लगाने पड़ें, इसके लिए चॉइस सेंटर और एडीसीसी बैंक शाखाओं के माध्यम से भी सुविधा उपलब्ध कराई गई।
प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के माध्यम से अतिवृष्टि, सूखा, कीट प्रकोप और अन्य प्राकृतिक जोखिमों से फसल प्रभावित होने की स्थिति में किसानों को आर्थिक राहत मिलती है। ऐसे समय में बीमा किसानों को नुकसान से उबरने और अगली फसल की तैयारी करने में मदद करता है। योजना से जुड़ने वाले किसानों की बढ़ती संख्या यह भी बताती है कि खेती में जोखिम प्रबंधन को लेकर किसानों में जागरूकता बढ़ रही है।
धमतरी जिले में खरीफ 2026 के दौरान फसल बीमा के आंकड़ों में हुई यह वृद्धि सुरक्षित कृषि और सशक्त किसान की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। फसल सुरक्षा के साथ किसानों की आर्थिक स्थिरता मजबूत होने से ग्रामीण अर्थव्यवस्था को भी गति मिलती है। प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना किसानों को प्राकृतिक आपदाओं के जोखिम से बचाने के साथ खेती में आत्मविश्वास और आर्थिक सुरक्षा का आधार मजबूत कर रही है।
