रैली, नुक्कड़ नाटक और प्रतियोगिताओं के जरिए युवाओं ने दिया स्वस्थ समाज का संदेश
रायपुर, 20 अगस्त 2026।
युवा पीढ़ी को नशे से दूर रखने और स्वस्थ समाज के निर्माण के उद्देश्य से ‘नशामुक्त युवा फॉर विकसित भारत’ अभियान के तहत धमतरी जिले के सात महाविद्यालयों में व्यापक जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए गए। इस दौरान सैकड़ों विद्यार्थियों ने रैली, नुक्कड़ नाटक और विभिन्न रचनात्मक प्रतियोगिताओं के माध्यम से नशे के दुष्प्रभावों के प्रति लोगों को जागरूक किया।
7 महाविद्यालयों में एक साथ हुआ आयोजन
अभियान के तहत बीसीएस शासकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय धमतरी, शासकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय कुरूद, शासकीय कन्या महाविद्यालय धमतरी, सुखराम नागे शासकीय महाविद्यालय नगरी, शासकीय महाविद्यालय आमदी, छत्तीसगढ़ महतारी महाविद्यालय भखारा और यशवंत राव मेघावाले शासकीय महाविद्यालय मगरलोड में कार्यक्रम आयोजित किए गए।
15 से 29 वर्ष आयु वर्ग के छात्र-छात्राओं ने नुक्कड़ नाटक, जागरूकता रैली, चित्रकला, स्लोगन लेखन, निबंध और भाषण प्रतियोगिताओं में भाग लेकर नशामुक्ति का संदेश दिया।

रचनात्मक गतिविधियों से दिया जागरूकता का संदेश
विद्यार्थियों ने अपनी रचनात्मक प्रस्तुतियों के माध्यम से नशे के कारण होने वाले सामाजिक, शारीरिक और मानसिक दुष्प्रभावों को सामने रखा। नुक्कड़ नाटकों और रैलियों के जरिए युवाओं ने लोगों से नशे से दूर रहने और स्वस्थ जीवनशैली अपनाने की अपील की।
‘विकसित भारत’ के लिए नशामुक्त युवा जरूरी
जिला युवा अधिकारी ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि युवा शक्ति देश के भविष्य की धुरी है। नशामुक्त और स्वस्थ युवा ही विकसित भारत के निर्माण में प्रभावी भूमिका निभा सकते हैं। अभियान का उद्देश्य युवाओं को सकारात्मक दिशा देना और उन्हें समाज में नशामुक्ति के संदेश का ब्रांड एंबेसडर बनाना है।
युवाओं ने ली नशामुक्त समाज की शपथ
कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों ने स्वयं नशे से दूर रहने और अपने परिवार तथा समाज में भी नशामुक्ति के प्रति जागरूकता फैलाने की शपथ ली। ‘मेरा युवा भारत’ के प्रभारी प्राध्यापकों और कैंपस एम्बेसडरों के सहयोग से आयोजित इन कार्यक्रमों ने युवाओं में स्वस्थ जीवनशैली और जिम्मेदार नागरिक बनने की भावना को मजबूत किया।
संदेश साफ है—नशे से दूरी, युवाओं की मजबूती और स्वस्थ समाज ही विकसित भारत की मजबूत नींव है।
