बिलासपुर । उप मुख्यमंत्री एवं बिलासपुर जिले के प्रभारी मंत्री श्री अरुण साव ने अधिकारियों को वर्तमान जरूरतों के साथ भविष्य की आवश्यकताओं को ध्यान में रखकर दूरदर्शी कार्ययोजना तैयार करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि विकास कार्यों में तेजी के साथ गुणवत्ता और निर्धारित समय-सीमा का विशेष ध्यान रखा जाए। निर्माण कार्यों में अनावश्यक देरी किसी भी स्थिति में स्वीकार नहीं की जाएगी।
श्री साव शनिवार को बिलासपुर में जिला स्तरीय अधिकारियों की बैठक लेकर विभिन्न योजनाओं के क्रियान्वयन और विकास कार्यों की प्रगति की समीक्षा कर रहे थे। बैठक में विधायक श्री धरमलाल कौशिक, श्री धर्मजीत सिंह, श्री सुशांत शुक्ला और श्री दिलीप लहरिया भी मौजूद रहे।
सड़क के बीच बिजली खंभे लगाने पर जताई नाराजगी
उप मुख्यमंत्री ने बिल्हा के बरतोरी से मोहतरा मार्ग पर सड़क के बीच बिजली के खंभे लगाए जाने के मामले को गंभीरता से लिया। उन्होंने जिला पंचायत सीईओ को पूरे मामले की जांच कर रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए।
श्री साव ने कहा कि जांच में यदि किसी अधिकारी की लापरवाही या जिम्मेदारी सामने आती है तो संबंधित अधिकारियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाएगी।
बैठक से अनुपस्थित रहने वाले चार अधिकारियों पर भी उन्होंने नाराजगी जताई। उन्होंने बिल्हा, कोटा और तखतपुर जनपद पंचायत के सीईओ तथा रतनपुर नगर पालिका के सीएमओ को शो-कॉज नोटिस जारी करने के निर्देश दिए।

जलभराव की समस्या के स्थायी समाधान की तैयारी अभी से करें
बिलासपुर शहर में पहली बारिश के दौरान सामने आई जलभराव की समस्या पर उप मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को स्थायी समाधान के लिए ठोस कार्ययोजना तैयार करने के निर्देश दिए।
उन्होंने कहा कि ऐसी व्यवस्था विकसित की जाए जिससे आने वाले वर्षों में शहरवासियों को जलभराव की समस्या का सामना न करना पड़े। बारिश के कारण सड़कों पर होने वाले गड्ढों और क्षति को देखते हुए उन्होंने बारिश खत्म होते ही मरम्मत और सुधार कार्य शुरू करने की तैयारी अभी से रखने को कहा।
उन्होंने निर्माण विभागों की अलग बैठक लेकर कार्यों की विस्तृत समीक्षा करने के निर्देश भी दिए।
मौसमी बीमारियों की रोकथाम के लिए गांव स्तर तक निगरानी
बैठक में मलेरिया और अन्य मौसमी बीमारियों की रोकथाम की तैयारियों की भी समीक्षा की गई। श्री साव ने गांव स्तर पर लगातार निगरानी रखने और मितानिन स्तर तक आवश्यक दवाओं की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
सीएमएचओ डॉ. शुभा गरेवाल ने बताया कि कोटा विकासखंड में अब तक 48 मलेरिया मरीज मिले हैं। इनमें 6 मरीज उपचाररत हैं, जबकि अन्य स्वस्थ हो चुके हैं। प्रभावित क्षेत्रों में रोटरी क्लब के सहयोग से 1,500 मच्छरदानियां वितरित की जा रही हैं।
फसलों की स्थिति अच्छी, खाद-बीज की पर्याप्त उपलब्धता
कृषि विभाग ने बताया कि जिले में पर्याप्त बारिश होने से फसलों की स्थिति अच्छी है और बांधों में भी पर्याप्त पानी है। जिले में खाद और बीज की कोई कमी नहीं है।
वर्तमान में समितियों में करीब 300 क्विंटल बीज तथा 10 हजार मीट्रिक टन डीएपी, यूरिया सहित अन्य उर्वरक उपलब्ध हैं।
उप मुख्यमंत्री ने कहा कि इस वर्ष धान खरीदी के लिए किसानों का एग्रीस्टैक पोर्टल पर पंजीयन जरूरी है। उन्होंने गांव-गांव शिविर लगाकर किसानों का पंजीयन कराने के निर्देश दिए और स्पष्ट कहा कि पंजीयन के अभाव में एक भी किसान धान बेचने से वंचित नहीं होना चाहिए।
वीबी-जी रामजी योजना में स्थानीय जरूरत के अनुसार हों काम
जिला पंचायत की योजनाओं की समीक्षा के दौरान श्री साव ने वीबी-जी रामजी योजना के प्रभावी क्रियान्वयन पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि योजना में फील्ड की वास्तविक जरूरतों के आधार पर कार्य स्वीकृत किए जाएं।
उन्होंने मुक्तिधाम, शौचालय, स्कूलों की मरम्मत, जल संरक्षण और छोटे बांध जैसे स्थानीय आवश्यकता से जुड़े कार्यों को प्राथमिकता देने के निर्देश दिए। साथ ही गांवों में जल संरक्षण के प्रति जागरूकता बढ़ाने और पानी बचाने के लिए जनभागीदारी को मजबूत करने को कहा।
जल जीवन मिशन की 310 योजनाएं पूरी
जल जीवन मिशन की समीक्षा में लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग के अधिकारियों ने बताया कि जिले की 804 सिंगल विलेज योजनाओं में से 310 योजनाएं पूरी हो चुकी हैं। इनमें से 219 योजनाएं ग्राम पंचायतों को हस्तांतरित की जा चुकी हैं।
उप मुख्यमंत्री ने योजनाओं के निरंतर संचालन और रखरखाव के लिए जनभागीदारी से जल अर्पण अभियान चलाने पर जोर दिया। उन्होंने वाटर रिचार्जिंग के लिए जिले में किए जा रहे जनभागीदारी आधारित प्रयासों की सराहना की।
मल्हार और रतनपुर के समन्वित विकास का बनेगा मास्टर प्लान
ऐतिहासिक नगरी मल्हार और रतनपुर के समन्वित एवं सुनियोजित विकास के लिए उप मुख्यमंत्री ने मास्टर प्लान तैयार करने के निर्देश दिए।
उन्होंने कहा कि दोनों ऐतिहासिक स्थलों की विरासत, पर्यटन संभावनाओं और भविष्य की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए समग्र विकास की कार्ययोजना बनाई जाए।
नगर विकास की समीक्षा के दौरान उन्होंने प्रधानमंत्री आवास योजना, अधोसंरचना विकास और साफ-सफाई के कार्यों में तेजी लाने के निर्देश दिए। साथ ही बिलासपुर में आईएसडीपी योजना के तहत निर्मित आवासों की आवश्यक मरम्मत कराकर पात्र गरीब परिवारों को जल्द आवंटित करने को कहा।
अस्पताल और आयुर्वेद महाविद्यालय के प्रस्तावों को मिली मंजूरी
समीक्षा बैठक के बाद उप मुख्यमंत्री श्री साव की अध्यक्षता में बिलासपुर जिला अस्पताल की जीवनदीप समिति और शासकीय आयुर्वेद महाविद्यालय की आयुष समिति की बैठक हुई।
बैठकों में अस्पताल और महाविद्यालय की आवश्यक सुविधाओं तथा विकास कार्यों से जुड़े विभिन्न प्रस्तावों पर चर्चा की गई और कई प्रस्तावों को मंजूरी प्रदान की गई।
बैठक में जिला पंचायत अध्यक्ष श्री राजेश सूर्यवंशी, महापौर श्रीमती पूजा विधानी, कलेक्टर श्री संजय अग्रवाल, एसएसपी श्री रजनेश सिंह, नगर निगम आयुक्त श्री प्रकाश सर्वे, जिला पंचायत सीईओ श्री संदीप अग्रवाल सहित विभिन्न जनपद पंचायतों एवं नगरीय निकायों के अध्यक्ष और वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।
कलेक्टर श्री संजय अग्रवाल ने उप मुख्यमंत्री द्वारा दिए गए निर्देशों का शत-प्रतिशत पालन सुनिश्चित करने का भरोसा दिलाया।
