रायपुर, 04 सितंबर 2026
औद्योगिक शहर रायगढ़ में आने वाले वर्षों में सड़क, यातायात, हरियाली और नागरिक सुविधाओं की तस्वीर बदलने की तैयारी तेज हो गई है। वित्त मंत्री और रायगढ़ विधायक ओ.पी. चौधरी ने शुक्रवार को शहर की प्रमुख निर्माणाधीन परियोजनाओं का मैराथन निरीक्षण कर उनकी प्रगति और गुणवत्ता का जायजा लिया। उन्होंने अधिकारियों और निर्माण एजेंसियों को तय समय-सीमा में काम पूरा करने के साथ निर्माण की गुणवत्ता पर विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए।

शहर में बढ़ते यातायात और भारी वाहनों के दबाव को देखते हुए रिंग रोड परियोजना को महत्वपूर्ण माना जा रहा है। घरघोड़ा रोड को झारसुगुड़ा रोड से जोड़ने के लिए पहले चरण का काम आगे बढ़ रहा है और भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया भी जारी है। इस परियोजना में 400 करोड़ रुपये से अधिक खर्च होने की संभावना है। भविष्य में रायगढ़ से घरघोड़ा तक सड़क को फोरलेन करने की दिशा में भी प्रयास किए जाने की बात कही गई है।

वित्त मंत्री ने निरीक्षण की शुरुआत दूध डेयरी ऑक्सीजोन से की। इसके बाद गोवर्धनपुर में केलो नदी पर बन रहे पुल, खर्राघाट के केलो रिवर फ्रंट, नालंदा परिसर, एसईसीएल रोड स्थित मरीन ड्राइव, कयाघाट पुल, मिनी स्टेडियम के स्केटिंग रिंग, कौहाकुंडा हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी, स्टेडियम और एफसीआई ऑक्सीजोन सहित कई परियोजनाओं का स्थल निरीक्षण किया।
रायगढ़ की विकास योजनाओं में केवल सड़क और पुलों को ही प्राथमिकता नहीं दी जा रही है। शहर में ऑक्सीजोन, रिवर फ्रंट, मरीन ड्राइव, खेल सुविधाओं और नालंदा परिसर जैसी परियोजनाओं के जरिए नागरिकों के लिए बेहतर सार्वजनिक स्थान और आधुनिक सुविधाएं विकसित करने पर भी जोर है। इन परियोजनाओं के पूरा होने से शहर के स्वरूप में व्यापक बदलाव आने की उम्मीद है।

निरीक्षण के दौरान ओ.पी. चौधरी ने कहा कि रायगढ़ प्रदेश का प्रमुख औद्योगिक शहर है और यहां औद्योगिक गतिविधियों के अनुरूप मजबूत अधोसंरचना की जरूरत है। लंबे समय से भारी वाहनों का दबाव, यातायात, दुर्घटनाओं, धूल और प्रदूषण जैसी समस्याएं शहर के सामने रही हैं। अब बड़े और सुनियोजित अधोसंरचनात्मक कार्यों के जरिए इन समस्याओं का स्थायी समाधान तैयार करने पर काम किया जा रहा है।

उन्होंने अधिकारियों को परियोजनाओं की नियमित निगरानी करने, निर्माण में निर्धारित गुणवत्ता मानकों का पालन कराने और काम में आने वाली अड़चनों का विभागों के बीच समन्वय से जल्द समाधान करने को कहा। वित्त मंत्री ने उम्मीद जताई कि अगले एक-दो वर्षों में रायगढ़ के विकास की तस्वीर इन परियोजनाओं के जरिए जमीन पर साफ दिखाई देने लगेगी।
निरीक्षण के दौरान महापौर जीवर्धन चौहान, सभापति डिग्रीलाल साहू, कलेक्टर मयंक चतुर्वेदी, नगर निगम आयुक्त बृजेश सिंह क्षत्रिय सहित जनप्रतिनिधि, अधिकारी, इंजीनियर और निर्माण एजेंसियों के प्रतिनिधि मौजूद रहे।
