रायपुर, 01 सितंबर 2026
छत्तीसगढ़ राज्य शाकम्भरी बोर्ड के अध्यक्ष श्री राजेंद्र नायक ने कहा है कि सरकार की प्राथमिकता कृषि एवं उद्यानिकी योजनाओं का लाभ गरीब, पिछड़े, लघु और सीमांत किसानों तक पहुंचाना है। इसके लिए कृषि, उद्यानिकी, मंडी, ऊर्जा और जल संसाधन सहित संबंधित विभागों के बीच बेहतर समन्वय के साथ कार्ययोजना तैयार कर योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित किया जाएगा। उन्होंने कहा कि लघु एवं सीमांत किसानों की आर्थिक स्थिति मजबूत करना शाकम्भरी बोर्ड के गठन का प्रमुख उद्देश्य है।
नवा रायपुर स्थित उद्यानिकी एवं प्रक्षेत्र वानिकी संचालनालय में आयोजित छत्तीसगढ़ राज्य शाकम्भरी बोर्ड के संचालक मंडल की पहली बैठक में श्री नायक ने अधिकारियों को किसानों की आय बढ़ाने के लिए साझा कार्ययोजना तैयार करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि उद्यानिकी क्षेत्र में मरार समाज का योगदान लंबे समय से महत्वपूर्ण रहा है और किसानों को उनकी मेहनत का उचित लाभ दिलाना सरकार की जिम्मेदारी है।
श्री नायक ने कहा कि शाकम्भरी बोर्ड का उद्देश्य मरार-पटेल समाज के उत्थान के साथ-साथ किसानों की समृद्धि से भी जुड़ा है। कृषि एवं संबद्ध विभागों के समन्वय से आधुनिक कृषि को बढ़ावा देने, किसानों की आय बढ़ाने और उन्हें नई तकनीकों एवं योजनाओं से जोड़ने की दिशा में ठोस प्रयास किए जाएंगे।
बैठक में लघु एवं सीमांत किसानों को उद्यानिकी फसलों, विशेष रूप से पुष्प उत्पादन के लिए प्रोत्साहित करने पर जोर दिया गया। साथ ही योजनाओं की जानकारी गांव-गांव तक पहुंचाने और पात्र किसानों को अधिकाधिक लाभ दिलाने के लिए जिला प्रशासन तथा संबंधित विभागों के माध्यम से प्रभावी कार्यवाही करने पर सहमति बनी।
बैठक में बोर्ड के सदस्य श्री बसंत पटेल, श्री प्रेमलाल पटेल, श्री संतोष पटेल और श्री प्रेम पटेल सहित उद्यानिकी विभाग के संचालक श्री लोकेश कुमार, शाकम्भरी बोर्ड के सचिव श्री सुरेश ठाकुर तथा विभिन्न विभागों के अधिकारी एवं प्रतिनिधि उपस्थित रहे। अधिकारियों ने विभागीय योजनाओं की जानकारी भी प्रस्तुत की।
