रायपुर। कोण्डागांव जिले के आदिवासी बहुल माकड़ी विकासखंड के ग्राम पंचायत भिरागांव के ग्रामीणों का वर्षों पुराना इंतजार अब खत्म होने जा रहा है। आजादी के 79 वर्ष बाद गांव को पक्की सड़क की सौगात मिली है। ग्राम पंचायत भिरागांव से सड़क पारा बरकई तक लगभग 5 किलोमीटर लंबी सड़क और पुल-पुलियों के निर्माण कार्य का भूमिपूजन किया गया। करीब ₹7.03 करोड़ की लागत से बनने वाली यह सड़क क्षेत्र के लोगों की लंबे समय से चली आ रही मांग थी।
भूमिपूजन कार्यक्रम में बस्तर विकास प्राधिकरण की उपाध्यक्ष एवं कोण्डागांव विधायक लता उसेण्डी मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुईं। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ग्रामीण क्षेत्रों में सड़क, शिक्षा, पेयजल और अन्य आधारभूत सुविधाओं के विस्तार के लिए लगातार कार्य कर रही है। उनका कहना था कि सड़क बनने से क्षेत्र में आवागमन आसान होगा, शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं तक पहुंच बेहतर होगी तथा ग्रामीण विकास को नई गति मिलेगी।
ग्रामीणों ने बताया कि अब तक जर्जर सड़क के कारण, विशेषकर बरसात के मौसम में, आवागमन बेहद कठिन हो जाता था। विद्यार्थियों को स्कूल पहुंचने, किसानों को अपनी उपज बाजार तक ले जाने और मरीजों को अस्पताल पहुंचाने में भारी परेशानी का सामना करना पड़ता था।
नई सड़क बनने के बाद किसानों को कृषि उपज के परिवहन में सुविधा मिलेगी, विद्यार्थियों का सफर सुरक्षित और आसान होगा तथा जरूरत पड़ने पर स्वास्थ्य सेवाओं तक समय पर पहुंच सुनिश्चित हो सकेगी। साथ ही क्षेत्र के सामाजिक और आर्थिक विकास को भी नई दिशा मिलने की उम्मीद है।
गांव के लोगों ने विधायक लता उसेण्डी के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि उनके लगातार प्रयासों और जनहित के प्रति प्रतिबद्धता के कारण यह बहुप्रतीक्षित परियोजना शुरू हो सकी। ग्रामीणों ने विश्वास जताया कि सड़क निर्माण पूरा होने के बाद भिरागांव विकास की मुख्यधारा से और मजबूती से जुड़ जाएगा।
कार्यक्रम में जनपद अध्यक्ष जुगबती पोयाम, बालकुंवर प्रधान, अनिल अग्रवाल, दीपेश अरोरा सहित अनेक जनप्रतिनिधि, गणमान्य नागरिक और बड़ी संख्या में ग्रामीण मौजूद रहे।
