अंबिकापुर, 29 जून 2026। सोमवार शाम अंबिकापुर और आसपास के क्षेत्रों में अचानक बदले मौसम का असर हवाई सेवाओं पर भी देखने को मिला। दिल्ली से बिलासपुर होते हुए अंबिकापुर के दरिमा एयरपोर्ट पहुंचने वाली नियमित विमान सेवा खराब मौसम, तेज बारिश और लगातार हो रही बिजली चमकने (लाइटनिंग) के कारण निर्धारित समय पर लैंड नहीं कर सकी। काफी देर तक विमान ने दरिमा एयरपोर्ट के ऊपर चक्कर लगाए, लेकिन मौसम में सुधार नहीं होने पर पायलट ने सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए विमान को वापस बिलासपुर मोड़ दिया।
इस घटना का सीधा असर यात्रियों पर पड़ा। अंबिकापुर से दिल्ली जाने के लिए एयरपोर्ट पर पहुंचे करीब 30 यात्रियों की यात्रा रद्द हो गई, जबकि दिल्ली और बिलासपुर से अंबिकापुर आने वाले यात्रियों को भी बिलासपुर में ही उतरना पड़ा। अचानक उड़ान प्रभावित होने से यात्रियों को भारी असुविधा का सामना करना पड़ा।
मौसम खराब होने से नहीं हो सकी सुरक्षित लैंडिंग
जानकारी के अनुसार दिल्ली से बिलासपुर होते हुए अंबिकापुर आने वाली फ्लाइट का नियमित समय दोपहर 12:30 बजे है। हालांकि सोमवार को परिचालन समय में बदलाव किया गया था और विमान को शाम करीब 4:30 बजे दरिमा एयरपोर्ट पर पहुंचना था।
निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार विमान दिल्ली से उड़ान भरकर पहले बिलासपुर पहुंचा, जहां कुछ यात्री उतरे और अंबिकापुर व दिल्ली के लिए नए यात्री विमान में सवार हुए। इसके बाद विमान दरिमा एयरपोर्ट के लिए रवाना हुआ।
दरिमा एयरपोर्ट के ऊपर लगाए कई चक्कर
बिलासपुर से उड़ान भरने के बाद जब विमान अंबिकापुर पहुंचा, तब पूरे क्षेत्र में तेज बारिश के साथ बिजली चमक रही थी। खराब मौसम और रनवे पर कम विजिबिलिटी के कारण विमान की सुरक्षित लैंडिंग संभव नहीं हो सकी।
पायलट ने मौसम में सुधार की उम्मीद में कुछ समय तक विमान को दरिमा एयरपोर्ट के ऊपर होल्डिंग पैटर्न में रखा और कई चक्कर लगाए। लेकिन स्थिति सामान्य नहीं होने पर यात्रियों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए विमान को वापस बिलासपुर ले जाने का निर्णय लिया गया।
30 यात्रियों की दिल्ली यात्रा हुई प्रभावित
विमान के अंबिकापुर नहीं पहुंचने का सबसे अधिक असर उन यात्रियों पर पड़ा जो दिल्ली जाने के लिए एयरपोर्ट पर पहले से मौजूद थे। करीब 30 यात्रियों ने दिल्ली के लिए टिकट बुक कर रखी थी, लेकिन फ्लाइट रद्द होने के कारण उन्हें अपनी यात्रा स्थगित करनी पड़ी।
इनमें कई ऐसे यात्री भी शामिल थे जिन्हें व्यावसायिक कार्य, चिकित्सा उपचार और अन्य जरूरी कारणों से दिल्ली जाना था। अचानक फ्लाइट रद्द होने से उनकी योजनाएं प्रभावित हो गईं।
अंबिकापुर आने वाले यात्रियों को बिलासपुर में उतरना पड़ा
सिर्फ अंबिकापुर से जाने वाले ही नहीं, बल्कि दिल्ली और बिलासपुर से अंबिकापुर आने वाले यात्रियों को भी परेशानी का सामना करना पड़ा। विमान के वापस बिलासपुर लौटने के कारण सभी यात्रियों को वहीं उतरना पड़ा और उन्हें अपने गंतव्य तक पहुंचने के लिए वैकल्पिक व्यवस्था करनी पड़ी।
इसके चलते यात्रियों का अतिरिक्त समय और खर्च दोनों बढ़ गए।
बिलासपुर से सीधे दिल्ली के लिए रवाना हुई फ्लाइट
बिलासपुर लौटने के बाद विमान को दोबारा अंबिकापुर नहीं भेजा गया। विमान वहीं से सीधे दिल्ली के लिए रवाना हो गया। एयरलाइन और एयरपोर्ट प्रबंधन ने यात्रियों को पूरे घटनाक्रम की जानकारी दी तथा मौसम की स्थिति को देखते हुए सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता बताया।
यात्रियों को री-शेड्यूल और रिफंड का दिया गया विकल्प
एयरपोर्ट प्रबंधन ने प्रभावित यात्रियों को टिकट री-शेड्यूल कराने या रिफंड लेने का विकल्प उपलब्ध कराया है। अधिकारियों ने बताया कि मानसून के दौरान तेज बारिश, कम विजिबिलिटी और लाइटनिंग के कारण उड़ानों का प्रभावित होना सामान्य स्थिति है।
विमानन सुरक्षा नियमों के अनुसार यदि मौसम सुरक्षित लैंडिंग के अनुकूल नहीं होता, तो पायलट किसी भी प्रकार का जोखिम नहीं उठाते। मौसम सामान्य होने के बाद विमान सेवा फिर से नियमित रूप से संचालित होने की उम्मीद जताई गई है।
यात्रियों की सुरक्षा को दी गई सर्वोच्च प्राथमिकता
इस पूरे घटनाक्रम में विमान चालक दल ने मौसम की गंभीरता को देखते हुए सुरक्षा मानकों का पालन करते हुए विमान को वापस बिलासपुर ले जाने का निर्णय लिया। हालांकि इससे यात्रियों को असुविधा हुई, लेकिन विशेषज्ञों के अनुसार खराब मौसम में सुरक्षित संचालन ही सर्वोच्च प्राथमिकता होती है। मानसून के दौरान यात्रियों को यात्रा से पहले उड़ान की स्थिति की जानकारी लेने की सलाह भी दी गई है।
