सेवा संकल्प अभियान में ड्रॉइंग, भाषण, रंगोली और नुक्कड़ नाटक के जरिए विद्यार्थियों ने दिखाई रचनात्मकता, युवा शक्ति से आत्मनिर्भरता तक मुद्दों पर रखे विचार
रायपुर, 18 सितंबर 2026
सेवा संकल्प अभियान के तहत गौरेला-पेण्ड्रा-मरवाही जिले में विद्यार्थियों ने कला, अभिनय और वक्तव्य के माध्यम से विकसित भारत को लेकर अपनी कल्पना सामने रखी। जिले के सभी 905 शासकीय और निजी विद्यालयों में ‘पच्चीस करोड़ बच्चों के सपनों का भारत’ थीम पर ड्रॉइंग एवं भाषण प्रतियोगिताएं आयोजित की गईं। वहीं गौरेला में रानी दुर्गावती चौराहा के पास आईटीआई गौरेला और कस्तूरबा गांधी आवासीय विद्यालय की बालिकाओं ने नुक्कड़ नाटक और रंगोली के जरिए जनजागरूकता का संदेश दिया।

नुक्कड़ नाटक के माध्यम से बालिकाओं ने युवा शक्ति की भूमिका, सेवा भाव और राष्ट्र निर्माण के विषयों को सामने रखा। अभिनय के जरिए विद्यार्थियों ने शिक्षा, कौशल, मेहनत और नवाचार को युवाओं के विकास से जोड़ते हुए देश की प्रगति में उनकी भागीदारी का संदेश दिया। युवाओं को आत्मनिर्भर बनने और स्वरोजगार के अवसरों का लाभ उठाने के लिए भी प्रेरित किया गया।
कार्यक्रम में प्रधानमंत्री मुद्रा योजना और मुख्यमंत्री युवा स्वरोजगार योजना जैसी योजनाओं के माध्यम से युवाओं को आर्थिक गतिविधियों और स्वरोजगार से जोड़ने का संदेश भी प्रस्तुत किया गया। विद्यार्थियों ने अपनी प्रस्तुति के जरिए यह बताने का प्रयास किया कि कौशल और मेहनत के साथ युवा अपने लिए रोजगार के अवसर तैयार करने में भी भूमिका निभा सकते हैं।

जनजागरूकता कार्यक्रम में स्वच्छता और पर्यावरण संरक्षण को भी प्रमुखता दी गई। विद्यार्थियों ने दैनिक जीवन में स्वच्छता अपनाने, पानी और बिजली की बचत करने तथा पर्यावरण के प्रति जिम्मेदार व्यवहार का संदेश दिया। नाटक और रंगोली के माध्यम से अनुशासन, एकता, भाईचारा और सामाजिक जिम्मेदारी जैसे विषयों को भी रचनात्मक तरीके से सामने रखा गया।
जिले के 905 विद्यालयों में आयोजित ड्रॉइंग प्रतियोगिताओं में विद्यार्थियों ने स्वच्छ एवं सुंदर भारत, हरित पर्यावरण, आधुनिक शिक्षा, तकनीकी प्रगति, आत्मनिर्भरता, सामाजिक एकता और सशक्त राष्ट्र जैसे विषयों को चित्रों के माध्यम से अभिव्यक्त किया। भाषण प्रतियोगिताओं में बच्चों ने विकसित भारत के निर्माण में शिक्षा, युवा शक्ति, नवाचार, कौशल विकास, स्वच्छता, पर्यावरण संरक्षण और जनभागीदारी की भूमिका पर अपने विचार रखे।

विद्यार्थियों की कलाकृतियों और भाषणों में उनके सपनों का ऐसा भारत दिखाई दिया, जिसमें आधुनिक तकनीक और सुविधाओं के साथ स्वच्छता, पर्यावरण संरक्षण, सामाजिक सद्भाव और समान अवसरों को भी महत्व दिया गया। बच्चों ने अपनी कल्पना के जरिए देश के भविष्य को लेकर अपनी सोच को सार्वजनिक मंच पर साझा किया।
इन गतिविधियों ने विद्यार्थियों को अपनी रचनात्मकता दिखाने के साथ सार्वजनिक रूप से विचार व्यक्त करने का अवसर भी दिया। ड्रॉइंग, रंगोली, भाषण और नुक्कड़ नाटक जैसे माध्यमों से बच्चों के अभिव्यक्ति कौशल, आत्मविश्वास और सामाजिक जिम्मेदारी की भावना को प्रोत्साहित करने का प्रयास किया गया।
सेवा संकल्प अभियान के तहत आयोजित इन कार्यक्रमों में जिले के बच्चों और युवाओं की भागीदारी ने अभियान को व्यापक जनसहभागिता से जोड़ा। विद्यार्थियों की प्रस्तुतियों में सेवा, अनुशासन, आत्मनिर्भरता और सकारात्मक सोच के साथ राष्ट्र निर्माण की भावना दिखाई दी। 905 विद्यालयों में एक साथ आयोजित गतिविधियों के जरिए नई पीढ़ी के सपनों और विचारों को विकसित भारत की कल्पना से जोड़ने का प्रयास किया गया।
