रायपुर, 4 जुलाई 2026। छत्तीसगढ़ सरकार की डिजिटल सुशासन पहल ‘सेवा सेतु’ आम नागरिकों तक सरकारी सेवाओं की आसान और त्वरित पहुंच सुनिश्चित कर रही है। इस ऑनलाइन व्यवस्था के माध्यम से अब लोगों को छोटे-छोटे सरकारी कार्यों के लिए कार्यालयों के चक्कर नहीं लगाने पड़ रहे हैं। प्रदेश में डिजिटल सेवाओं के विस्तार के तहत हितग्राहियों को घर बैठे विभिन्न प्रमाण-पत्र और शासकीय सेवाओं का लाभ मिल रहा है।
इसी क्रम में दुर्ग जिले के ग्राम बोरई में दो हितग्राहियों को ऑनलाइन माध्यम से सामाजिक प्रास्थिति (अनुसूचित जनजाति-गोंड) प्रमाण-पत्र जारी किए गए, जो डिजिटल प्रशासन की प्रभावी कार्यप्रणाली का उदाहरण बनकर सामने आए हैं।
घर बैठे जारी हुए जाति प्रमाण-पत्र
3 जुलाई 2026 को ग्राम बोरई निवासी जय ठाकुर और यमुना ठाकुर ने सामाजिक प्रास्थिति (अनुसूचित जनजाति-गोंड) प्रमाण-पत्र के लिए ऑनलाइन आवेदन किया था।
आवेदन प्राप्त होने के बाद अनुविभागीय अधिकारी (एसडीएम) श्री हरवंश सिंह मिरी ने त्वरित प्रक्रिया अपनाते हुए दोनों आवेदनों को स्वीकृत किया और प्रमाण-पत्र ऑनलाइन जारी कर दिए।
इस पूरी प्रक्रिया में हितग्राहियों को किसी भी कार्यालय में जाने की आवश्यकता नहीं पड़ी और उन्हें आईटी नियमों के तहत घर बैठे डिजिटल प्रमाण-पत्र प्राप्त हो गए।
दूरदराज के क्षेत्रों तक पहुंच रही डिजिटल सेवाएं
‘सेवा सेतु’ पोर्टल के माध्यम से ग्रामीण और दूरस्थ क्षेत्रों में रहने वाले नागरिक भी पारदर्शी, सरल और समयबद्ध तरीके से सरकारी सेवाओं का लाभ उठा रहे हैं।
इस डिजिटल व्यवस्था से सरकारी प्रक्रियाएं अधिक सुगम हुई हैं और नागरिकों को अनावश्यक भागदौड़ से राहत मिली है।
36 विभागों की 528 सेवाएं एक ही प्लेटफॉर्म पर
राज्य सरकार की इस डिजिटल पहल के तहत 36 विभागों की 528 शासकीय सेवाएं एक ही ऑनलाइन प्लेटफॉर्म पर उपलब्ध कराई जा रही हैं।
इससे नागरिकों को विभिन्न प्रमाण-पत्र, अनुमतियां और अन्य आवश्यक सेवाएं एक ही पोर्टल के माध्यम से प्राप्त करने की सुविधा मिल रही है।
समय और खर्च दोनों की हो रही बचत
सेवा सेतु पोर्टल के माध्यम से लोगों का समय और आर्थिक खर्च दोनों कम हो रहे हैं। साथ ही उन्हें पढ़ाई, रोजगार और अन्य आवश्यक कार्यों के लिए जरूरी दस्तावेज प्राप्त करने में आसानी हो रही है।
इस व्यवस्था ने बिचौलियों और दलालों पर निर्भरता भी काफी हद तक समाप्त कर दी है, जिससे पूरी प्रक्रिया अधिक पारदर्शी और भरोसेमंद बनी है।
डिजिटल सुशासन को मिल रही नई मजबूती
छत्तीसगढ़ सरकार की ‘सेवा सेतु’ पहल डिजिटल गवर्नेंस को मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम साबित हो रही है। ऑनलाइन सेवाओं के विस्तार से प्रदेश के ग्रामीण और शहरी दोनों क्षेत्रों के नागरिकों को सरकारी योजनाओं और सेवाओं का लाभ अधिक सरल, तेज और पारदर्शी तरीके से मिल रहा है, जिससे सुशासन की अवधारणा को नई मजबूती मिल रही है।
