सुकमा, 01 जुलाई 2026। सुकमा जिले में जनकल्याणकारी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन और विकास कार्यों को गति देने के लिए जिला प्रशासन पूरी तरह एक्शन मोड में है। कलेक्टर अमित कुमार ने जिला पंचायत सभाकक्ष में आयोजित समय-सीमा की उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक में शिक्षा, स्वास्थ्य, पोषण, ग्रामीण आजीविका, आधारभूत संरचना और प्रशासनिक सेवाओं से जुड़ी योजनाओं की विस्तृत समीक्षा करते हुए अधिकारियों को जमीनी स्तर पर बेहतर मॉनिटरिंग के निर्देश दिए।
उन्होंने स्पष्ट कहा कि जनहित से जुड़े कार्यों को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जाएगी और योजनाओं के क्रियान्वयन में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
‘स्कूल जतन’ योजना और शिक्षा व्यवस्था पर विशेष जोर
बैठक में शिक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाने के लिए कई अहम निर्देश दिए गए।
कलेक्टर ने नवप्रवेशी एवं कक्षा पहली के विद्यार्थियों के जाति, निवास और आय प्रमाण-पत्र शीघ्र तैयार करने के निर्देश दिए। साथ ही मुख्यमंत्री स्कूल जतन योजना के अंतर्गत पोर्टाकेबिन, कस्तूरबा गांधी विद्यालय और पीएम श्री स्कूलों में बेहतर शिक्षण व्यवस्था सुनिश्चित करने को कहा।
शाला त्यागी बच्चों के आंकड़ों में गड़बड़ी पाए जाने पर उन्होंने संबंधित अधिकारियों को कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश दिए।
इसके अलावा—
- साइंस पार्क को पुनः शुरू करने,
- बैगलेस डे के तहत “मायड़ नोनी” सिविक सेंस मॉड्यूल लागू करने,
जैसे निर्देश भी दिए गए।
स्वास्थ्य सेवाओं और कुपोषण नियंत्रण पर रहेगा फोकस
कलेक्टर ने जिले के सभी स्वास्थ्य केंद्रों में आवश्यक दवाओं की उपलब्धता और चिकित्सा कर्मचारियों की नियमित उपस्थिति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
बैठक में—
- आयुष्मान कार्ड निर्माण,
- आंगनबाड़ी कार्यकर्ता एवं सहायिका भर्ती,
- निर्माणाधीन आंगनबाड़ी भवन,
- हाई रिस्क गर्भवती महिलाओं की निगरानी,
- संस्थागत प्रसव,
- कुपोषण नियंत्रण
की समीक्षा की गई।
उन्होंने स्वास्थ्य विभाग और महिला एवं बाल विकास विभाग को समन्वय के साथ कार्य कर जिले को कुपोषण मुक्त बनाने के निर्देश दिए।
आजीविका मिशन से बढ़ेगी महिलाओं की आय
राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन (बिहान) के तहत स्व-सहायता समूहों को आगामी त्योहारों को ध्यान में रखते हुए विभिन्न उत्पादों के निर्माण और विपणन के लिए प्रोत्साहित करने के निर्देश दिए गए।
इसके साथ ही—
- आजीविका ग्रामीण एक्सप्रेस
- पंचायत कैफे
जैसी योजनाओं की प्रगति की भी समीक्षा की गई, ताकि ग्रामीण महिलाओं की आय में वृद्धि सुनिश्चित की जा सके।
बुनियादी ढांचे और कृषि कार्यों की हुई समीक्षा
बैठक में कोंटा क्षेत्र के विकास कार्यों, जल संसाधन परियोजनाओं, सामुदायिक शौचालय निर्माण और जियो-टैगिंग कार्यों की समीक्षा की गई।
कलेक्टर ने किसानों की सुविधा के लिए—
- धान उठाव,
- खाद एवं बीज भंडारण,
- पीएम स्वनिधि योजना
की प्रगति पर भी अधिकारियों से जानकारी ली और कार्यों में तेजी लाने के निर्देश दिए।
राशन कार्ड ई-केवाईसी और सामाजिक सुरक्षा योजनाओं पर जोर
प्रशासनिक पारदर्शिता बढ़ाने के उद्देश्य से कलेक्टर ने 15 जुलाई तक राशन कार्डों की ई-केवाईसी प्रक्रिया पूरी करने के निर्देश दिए।
इसके अलावा बैंक खातों के सत्यापन तथा सामाजिक सुरक्षा पेंशन योजनाओं के हितग्राहियों के डेटा के मिलान का कार्य भी समयबद्ध ढंग से पूरा करने को कहा गया।
छात्रावासों में स्वच्छता और पेयजल सुरक्षा के निर्देश
छात्रों के स्वास्थ्य और सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए सभी छात्रावासों में नियमित साफ-सफाई और मच्छरों से बचाव के लिए अनिवार्य रूप से मच्छरदानियों का वितरण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए।
साथ ही लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी (पीएचई) विभाग को पेयजल की नियमित जांच तथा संबंधित अधिकारियों को पानी की टंकियों की समय-समय पर सफाई कराने की जिम्मेदारी सौंपी गई।
जगरगुंडा बनेगा शिक्षा और खेल का नया केंद्र
बैठक में जगरगुंडा में विकसित किए जा रहे एजुकेशन सिटी, सेंट्रल लाइब्रेरी, स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स और हड़मा स्टेडियम के निर्माण कार्यों की भी समीक्षा की गई।
कलेक्टर अमित कुमार ने इन परियोजनाओं को समय पर पूरा करने के निर्देश देते हुए कहा कि सुकमा को शिक्षा, खेल और कौशल विकास के क्षेत्र में नई पहचान दिलाना जिला प्रशासन की प्राथमिकता है।
बैठक में जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी मुकुंद ठाकुर, डिप्टी कलेक्टर शबाब खान सहित सभी जिला स्तरीय अधिकारी उपस्थित रहे।
