रायपुर, 23 अक्टूबर 2026।
छत्तीसगढ़ हॉकी लीग के दूसरे दिन मैनपाट टाइटन्स और बैलाडिला बुल्स के बीच खेला गया मुकाबला बेहद रोमांचक रहा। दोनों टीमों ने शानदार प्रदर्शन करते हुए मैच को 3-3 की बराबरी पर समाप्त किया। शुरुआती दो क्वार्टर में ओलंपियन प्रदीप मोर के नेतृत्व वाली मैनपाट टाइटन्स का दबदबा देखने को मिला, जबकि अंतिम दो क्वार्टर में ओलंपियन चिंगलेनसाना सिंह की टीम बैलाडिला बुल्स ने जोरदार वापसी करते हुए मुकाबले को बराबरी पर ला दिया। मैच में बेहतरीन प्रदर्शन के लिए प्रहलाद को ‘स्ट्राइकर ऑफ द मैच’ और करण धनुक को ‘प्लेयर ऑफ द मैच’ का पुरस्कार प्रदान किया गया।
मुकाबले की शुरुआत से ही दोनों टीमों ने आक्रामक खेल दिखाया। चौथे मिनट में मैनपाट टाइटन्स ने विपक्षी टीम के सर्कल में प्रवेश कर गोल करने की कोशिश की, लेकिन बैलाडिला बुल्स के डिफेंडरों ने मुस्तैदी दिखाते हुए गेंद को बाहर कर दिया। इसके बाद बैलाडिला ने जवाबी हमला किया, लेकिन वह मैनपाट की मजबूत रक्षापंक्ति को भेदने में सफल नहीं हो सकी। सातवें मिनट में मैनपाट के प्रहलाद टांडी को सर्कल के अंदर गोल करने का शानदार अवसर मिला, लेकिन बैलाडिला के गोलकीपर ने तेजी से आगे बढ़कर उनके प्रयास को विफल कर दिया।

लगातार हमलों के बीच बैलाडिला बुल्स को पहला पेनल्टी कॉर्नर मिला। संदीप ठाकुर ने इस मौके का फायदा उठाते हुए गेंद को गोलपोस्ट में पहुंचाया और अपनी टीम को शुरुआती बढ़त दिलाई। इसके बाद पहले क्वार्टर में दोनों टीमों के बीच कड़ा संघर्ष देखने को मिला। दूसरे क्वार्टर में मैनपाट टाइटन्स ने खेल में वापसी करते हुए अपनी आक्रामकता बढ़ाई। हाफ टाइम से कुछ मिनट पहले प्रहलाद ने सर्कल के अंदर शानदार दौड़ लगाई और उनके पास से आई गेंद को प्रवीण यादव ने बेहतरीन तरीके से डिफ्लेक्ट करते हुए गोल में बदल दिया। इस गोल के साथ मैनपाट ने स्कोर 2-0 कर दिया।
दो गोल की बढ़त के बाद मैनपाट टाइटन्स की स्थिति मजबूत दिखाई दे रही थी, लेकिन तीसरे क्वार्टर में बैलाडिला बुल्स ने शानदार वापसी की। टीम ने लगातार हमले करते हुए मैनपाट के डिफेंस पर दबाव बनाया और कई बार सर्कल में प्रवेश किया। इसी प्रयास के दौरान जसकरण सिंह ने सर्कल के अंदर से गेंद राहुल यादव की ओर फ्लिक की, जिसे राहुल ने गोल में बदलकर बैलाडिला के लिए स्कोर कम कर दिया। इस गोल ने मुकाबले में नया रोमांच पैदा कर दिया और बैलाडिला के खिलाड़ियों का आत्मविश्वास बढ़ा दिया।

चौथे क्वार्टर की शुरुआत में ही बैलाडिला बुल्स ने अपनी लय बरकरार रखी। जसकरण सिंह ने पेनल्टी कॉर्नर को गोल में बदलकर स्कोर 2-2 से बराबर कर दिया। इसके बाद दोनों टीमों के बीच बढ़त हासिल करने के लिए जोरदार संघर्ष हुआ। सर्कल के बाहर से लगाए गए टोमाहॉक शॉट के बाद बैलाडिला को एक और पेनल्टी कॉर्नर मिला, लेकिन मैनपाट के गोलकीपर अल्फाज खान ने शानदार बचाव करते हुए विपक्षी टीम को बढ़त लेने से रोक दिया।
मैच के निर्णायक क्षणों में मैनपाट टाइटन्स के प्रहलाद को सर्कल के अंदर खाली जगह मिली, जिसका उन्होंने बेहतरीन फायदा उठाया। प्रहलाद ने शानदार रिवर्स फ्लिक लगाकर गेंद को गोलपोस्ट में पहुंचाया और मैनपाट को 3-2 की बढ़त दिला दी। हालांकि, बैलाडिला बुल्स ने हार नहीं मानी और अंतिम समय तक बराबरी के लिए प्रयास जारी रखे। मैच के अंत के करीब निहाल हुसैन अंसारी ने पेनल्टी कॉर्नर से मिले रिबाउंड पर शानदार शॉट लगाते हुए गोल किया और अपनी टीम को बराबरी दिला दी।
इस तरह दोनों टीमों के बीच मुकाबला 3-3 से ड्रॉ पर समाप्त हुआ। मैनपाट टाइटन्स ने शुरुआती बढ़त के साथ प्रभावशाली खेल दिखाया, जबकि बैलाडिला बुल्स ने अंतिम दो क्वार्टर में दमदार वापसी कर मुकाबले को रोमांचक बना दिया। प्रहलाद और करण धनुक को उनके प्रदर्शन के लिए मिले व्यक्तिगत पुरस्कारों ने मैच के यादगार पलों में एक और उपलब्धि जोड़ दी।
