रायपुर, 01 जुलाई 2026। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में राज्य सरकार ने जिला सहकारी केंद्रीय बैंक मर्यादित अंबिकापुर की वित्तीय अनियमितताओं से प्रभावित किसानों को राहत देते हुए खरीफ ऋण वितरण की प्रक्रिया शुरू कर दी है। सरकार की त्वरित पहल से अब किसानों को खरीफ सीजन के लिए आवश्यक ऋण, खाद और कृषि आदान समय पर उपलब्ध कराए जा रहे हैं।
यह पहल कृषि विकास एवं किसान कल्याण मंत्री रामविचार नेताम के विशेष प्रयासों से संभव हुई है। राज्य सरकार का उद्देश्य प्रभावित किसानों को समय पर वित्तीय सहायता उपलब्ध कराकर खरीफ बुवाई को गति देना और कृषि कार्यों को बाधित होने से बचाना है।
4,533 किसानों के लिए लगभग ₹111 करोड़ की ऋण सीमा स्वीकृत
जिला सहकारी केंद्रीय बैंक मर्यादित अंबिकापुर के अनुसार बलरामपुर जिले की चार प्रभावित समितियों के अंतर्गत 4,533 किसानों के लिए ₹110.98 करोड़ (लगभग ₹111 करोड़) की एनसीएल (ऋण सीमा) स्वीकृत की गई है।
क्षेत्रवार स्वीकृत ऋण सीमा इस प्रकार है—
- शंकरगढ़ – 1,542 किसानों के लिए ऋण सीमा स्वीकृत।
- रामानुजगंज – 1,502 किसानों के लिए ऋण सीमा स्वीकृत।
- रामचंद्रपुर – 1,320 किसानों के लिए ऋण सीमा स्वीकृत।
- कुसमी – 169 किसानों के लिए ऋण सीमा स्वीकृत।
सरकार का उद्देश्य सभी पात्र किसानों तक समय पर कृषि ऋण पहुंचाना है, ताकि खरीफ फसल की बुवाई प्रभावित न हो।
2,391 किसानों को मिल चुका है ₹5.81 करोड़ का ऋण
राज्य सरकार ने ऋण वितरण प्रक्रिया भी तेज कर दी है। अब तक 2,391 किसानों को ₹5 करोड़ 81 लाख 65 हजार का खरीफ ऋण वितरित किया जा चुका है।
क्षेत्रवार वितरण इस प्रकार है—
- रामानुजगंज – 1,575 किसानों को लगभग ₹4.83 करोड़।
- शंकरगढ़ – 659 किसानों को ₹78.02 लाख।
- कुसमी – 157 किसानों को ₹19.61 लाख।
सरकार का कहना है कि शेष पात्र किसानों को भी जल्द ही ऋण उपलब्ध कराया जाएगा।
वित्तीय अनियमितताओं से प्रभावित हुए थे किसान
वर्ष 2020-21 से 2023-24 के दौरान जिला सहकारी केंद्रीय बैंक मर्यादित अंबिकापुर में हुई वित्तीय अनियमितताओं के कारण प्रभावित क्षेत्रों के किसानों को समय पर ऋण, खाद और बीज उपलब्ध नहीं हो पा रहे थे।
इससे किसानों को खेती-किसानी में कठिनाइयों का सामना करना पड़ा। मामले की गंभीरता को देखते हुए राज्य सरकार ने दोषी अधिकारियों एवं कर्मचारियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर विभागीय कार्रवाई शुरू की है। मामले की जांच अभी भी जारी है।
किसानों के हित सर्वोच्च प्राथमिकता : रामविचार नेताम
कृषि मंत्री रामविचार नेताम ने कहा कि किसानों के हितों की रक्षा राज्य सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है।
उन्होंने कहा कि प्रभावित किसानों को समय पर ऋण उपलब्ध कराकर खरीफ सीजन की बुवाई को गति दी जा रही है। सरकार यह सुनिश्चित कर रही है कि किसी भी किसान को कृषि कार्यों के लिए वित्तीय संसाधनों की कमी का सामना न करना पड़े।
खरीफ सीजन में किसानों को मिलेगा बड़ा लाभ
समय पर ऋण वितरण से किसान आवश्यक कृषि आदान जैसे बीज, खाद और अन्य संसाधनों की व्यवस्था आसानी से कर सकेंगे। इससे खरीफ फसलों की बुवाई समय पर पूरी होने के साथ-साथ कृषि उत्पादन में भी सकारात्मक प्रभाव पड़ने की उम्मीद है।
राज्य सरकार का मानना है कि प्रभावित किसानों को त्वरित राहत देकर न केवल उनकी आर्थिक स्थिति मजबूत होगी, बल्कि कृषि क्षेत्र में भी विश्वास और स्थिरता बनी रहेगी।
